Submit your post

Follow Us

'मुझे फैशन पसंद है, मगर मेरे साइज़ के कपड़े नहीं मिलते'

जब मैं छोटी थी, ‘बार्बी डॉल’ का फैशन था. फैशन आज भी है या नहीं, मालूम नहीं. पर ये मालूम है कि अब बार्बी पहले जैसी नस्लभेदी नहीं रही. हमारे बचपन की बार्बी सुनहरे बालों वाली, लंबी, ‘टोंड’ टांगों वाली होती थी. हमें मालूम था कि ब्लॉन्ड लड़कियां सुंदर होती हैं. हमें भी उनके जैसा गोरा और दुबला होना है.

लगभग उसी समय बड़ी हो रही जूलिया को भी लोग बार्बी कहते थे. वजह थी उसकी बड़ी, खूबसूरत आंखें. कई लोगों के लिए लड़की की खूबसूरती ही उसका सब कुछ होती है. कई लोग कहते हैं कि खूबसूरत लड़कियों को दिमाग की क्या ज़रूरत. उनकी किसी मोटी कमाई वाले लड़के से शादी हो जाएगी. उनके रूप से सम्मोहित होकर लड़का उनके लिए कुछ भी करेगा. एक एवरेज भारतीय सोच तो यही मानती है. बाकी जगहें भी इससे अछूती नहीं.

मगर जूलिया को अपने जीवन में कुछ कमी लगती थी.

‘मेरे चेहरे की वजह से सब मुझे गुड़िया कहते थे. और मैं पढ़ाई में भी अच्छी थी. पढ़ने में अच्छा भी लगता था. म्यूजिक सीखा हुआ था, कई सारे स्कूल कम्पटीशन में पार्ट लेती रहती थी. और आर्ट्स में अच्छी थी. मगर जीवन का कोई लक्ष्य नहीं था. ऐसा लगता था कि मेरे शरीर और आत्मा में जुड़ाव नहीं था. अच्छा नहीं लगता था.’

इसलिए जूलिया ने जिम जाना शुरू किया.

पहले तो वो किसी भी आम मेम्बर की तरह कसरत करती थीं. लेकिन शरीर को मजबूत बनाने की भी एक सनक होती है. ये सनक उन्हें 15 की उम्र में चढ़ी.

julia

और एक दिन बन गईं ‘मसल बार्बी’.

‘मुझे खेलों में कभी इंटरेस्ट नहीं था. लेकिन जिम जाना शुरू किया तो लगा मजबूत होना जरूरी है. इससे कॉन्फिडेंस बढ़ता है. शुरू में मैंने जिम जाने वाले पुरुषों की नक़ल करनी शुरू की. उन्हीं की तरह एक्सरसाइज करती. फिर धीरे-धीरे पावरलिफ्टिंग शुरू कर दी. मुझे मज़ा आने लगा. कुछ समय बाद मुझे पता था कि यही मेरा मकसद है. मसल बनाना.’

लगभग एक साल बाद जूलिया की मुलाकात एक ऐसे कोच से हुई जिसने उनमें छिपी एक मजबूत औरत को पहचाना. कोच के साथ जूलिया ने हफ्ते में 4 दिन जिम जाना शुरू किया. हर दिन 4 से 5 घंटे. पूरी डाइट बदल दी. पहले खाने को लेकर ज्यादा सचेत न रहने वाली जूलिया अब दिन में 5 से 6 बार कम-कम खाना खाने लगीं. इस डाइट में चिकन, अंडा, चीज, चावल और सब्जियां शामिल थीं.

दो साल बाद जूलिया ने मॉस्को की पावरलिफ्टिंग चैंपियनशिप में हिस्सा लिया. और जीत गईं. उन्होंने तीन वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाए. तीन अलग-अलग शैलियों में 180 किलो, 105 किलो और 165 किलो उठाने के.

हमारे दिमाग में औरतों और पुरुषों को लेकर एक कुछ स्टीरियोटाइप होते हैं. हम अधिकतर ये मानते हैं कि शारीरिक रूप से तगड़ी लड़कियां सामाजिक और पितृसत्तात्मक पैमानों पर ‘सुंदर’ नहीं होतीं. हम ये भी मानते हैं कि ‘सुंदर’ लड़कियां तगड़ी नहीं होतीं. और सभी औरतों के बारे में ये माना जाता है कि वो शारीरिक रूप से कमज़ोर होती हैं. उन्हें रक्षा की जरूरत होती है. इस पर हमारे रक्षाबंधन जैसे त्यौहार टिके हैं. सऊदी अरब में तो हर औरत का एक पुरुष ‘गार्डियन’ होता है. दंगल फिल्म के ‘बापू हानिकारक’ गीत की वो पंक्ति याद आती है:

मिट्टी की गुड़िया से बोले चल बोडी (बॉडी) बना
यो तो टोर्चर (टॉर्चर) है घणा

लेकिन जूलिया जैसी लड़कियां इस सोच को ठेंगा दिखा देती हैं.

julia 1

जो लड़कियां जिम में नियमित रूप से कसरत करती भी हैं, अक्सर इस बात का ध्यान रखती हैं कि उनके बाइसेप्स और ट्राइसेप्स न बनें. क्योंकि इससे उनका ‘स्त्रीत्व’ घट जाएगा. मसलन हमारी एक्ट्रेस. और इस तरह औरतों की फिटनेस का लक्ष्य शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य नहीं होता, बल्कि एक अच्छा ‘फिगर’ और ‘टोंड’ बॉडी बनाना भर रह जाता है.

जूलिया कहती हैं:

‘कुछ लोग मेरी बॉडी बिल्डिंग से इम्प्रेस हो जाते हैं. कुछ बुराई करते हैं. जो पुरुष मेरी बुराई करते हैं वो मुझसे जलते हैं.’

कहते हैं जिम करना टफ लड़कियों का काम होता है. कुछ तो ये तक कहते हैं कि ये मर्दाना है. कई छोटे बाल रखने वाली स्पोर्ट्स खेलने वाली लड़कियों को मज़ाक उड़ाने के लहजे में ‘लेस्बियन’ भी कहते हैं. इसलिए कि वो ‘मर्दाना’ हैं, जाहिर है उनकी रूचि लड़कियों में होगी. उफ़, ये पितृसत्तात्मक, होमोफोबिक समाज.

वहीं जूलिया इस सोच को चूर कर देती हैं. उन्हें मेकअप लगाकर एक्सरसाइज करना पसंद है.

‘मुझे मेकअप करना पसंद है, स्क्वॉट करते वक़्त भी. मुझे लगता है हर स्थिति में अच्छा लगना ज़रूरी है. जिम में मैं हमेशा क्यूट चोटियां बांधकर, रिबन लगाकर आती हूं. फैशन मुझे खूब पसंद है मगर मुझे मेरे साइज़ के कपड़े नहीं मिलते.’

उनके बॉयफ्रेंड सर्जी उनके साथ वजन उठाना पसंद करते हैं.

जूलिया का एक वीडियो आज देखा, यूट्यूब पर ट्रेंड करता हुआ. उनके देश रूस नहीं, इंडिया में. हिंदी टाइटल था ‘दुनिया की सबसे सुंदर वेट लिफ्टर’. कितना निराशाजनक लगता है ये देखकर कि एक स्ट्रॉन्ग, चैंपियन वेट लिफ्टर को यूट्यूब पर जिस तरह बेचा गया, वो मात्र ‘सुंदर’ तक सीमित रह गया. हम महिलाओं को, नेता हों, एक्टर, अफसर हों या किसी और फील्ड में, अंत में उसकी सुंदरता पर लाकर उसे ख़त्म कर देते हैं.

julia 2

लेकिन जूलिया विंस जैसी औरतें हर फील्ड में कमाल कर रही हैं, करती रहेंगी.


ये भी पढ़ें:

जैसे डॉक्टर की शादी डॉक्टर से होवे है, पहलवान की जोड़ी पहलवान से होवेगी न!

हरियाणा की लाडो साक्षी के लिए आया कसुता गाणा

दुनिया देखे, ये होता है ‘औरतों की तरह’ कपड़े पहनना

‘उड़ान’ में रोनित रॉय अगर ‘विलेन’ था, तो ‘दंगल’ का आमिर ‘हीरो’ क्यों?

‘जन गण मन’ न हो तो कुश्ती के लिए मूड नहीं बनता था इस पहलवान का

 

लगातार लल्लनटॉप खबरों की सप्लाई के लिए फेसबुक पर लाइक करें

कौन हो तुम

10 साल पहले भी शाहरुख़ का समीर वानखेड़े से सामना हुआ था, समीर ने ठोका था तगड़ा जुर्माना

10 साल पहले भी शाहरुख़ का समीर वानखेड़े से सामना हुआ था, समीर ने ठोका था तगड़ा जुर्माना

जगह थी मुंबई एयरपोर्ट. अब दस साल बाद फिर से दोनों का नाम एक साथ सुर्ख़ियों में है.

'स्क्विड गेम' के प्लेयर नंबर 199 'अली' की कहानी, जिनके इंडियन होने ने सीरीज़ में एक्स्ट्रा मज़ा दिया

'स्क्विड गेम' के प्लेयर नंबर 199 'अली' की कहानी, जिनके इंडियन होने ने सीरीज़ में एक्स्ट्रा मज़ा दिया

अली का रोल करने वाले इंडियन एक्टर अनुपम त्रिपाठी का सलमान-शाहरुख़ कनेक्शन क्या है?

IPL का कित्ता ज्ञान है, ये क़्विज़ खेलकर चेक कल्लो!

IPL का कित्ता ज्ञान है, ये क़्विज़ खेलकर चेक कल्लो!

ईमानदारी से स्कोर भी बताते जाना. हम इंतज़ार करेंगे.

'मनी हाइस्ट' वाले प्रोफेसर की पूरी कहानी, जिनकी पत्नी ने कहा था, 'कभी फेमस नहीं हो पाओगे'

'मनी हाइस्ट' वाले प्रोफेसर की पूरी कहानी, जिनकी पत्नी ने कहा था, 'कभी फेमस नहीं हो पाओगे'

अलवारो मोर्टे ने वेटर तक का काम किया हुआ है. और एक वक्त तो ऐसा था कि बकौल उनके कैंसर से जान जाने वाली थी.

एक्टर शरत सक्सेना की कहानी, जिन्होंने 71 साल की उम्र में ज़बरदस्त बॉडी बनाकर सबको चौंका दिया

एक्टर शरत सक्सेना की कहानी, जिन्होंने 71 साल की उम्र में ज़बरदस्त बॉडी बनाकर सबको चौंका दिया

हीरो बनने आए शरत सक्सेना कैसे गुंडे का चमचा बनने पर मजबूर हुए?

'भीगे होंठ तेरे' वाले कुणाल गांजावाला आजकल कहाँ हैं?

'भीगे होंठ तेरे' वाले कुणाल गांजावाला आजकल कहाँ हैं?

एक वक़्त इंडस्ट्री में टॉप पर थे कुणाल और उनके गाने पार्टियों की जान हुआ करते थे.

राज कुंद्रा की पूरी कहानी, 18 की उम्र में शॉल बेचने से शुरुआत करने वाले राज यहां तक कैसे पहुंचे?

राज कुंद्रा की पूरी कहानी, 18 की उम्र में शॉल बेचने से शुरुआत करने वाले राज यहां तक कैसे पहुंचे?

IPL स्कैंडल, मॉडल्स के आरोप, अंडरवर्ल्ड कनेक्शंस के आरोप, एक्स वाइफ के इल्ज़ाम सब हैं इस कहानी में.

रिचर्ड ब्रैनसन: जिन्होंने पहले अंतरिक्ष के दर्शन करके जेफ बेजोस का मजा खराब कर दिया

रिचर्ड ब्रैनसन: जिन्होंने पहले अंतरिक्ष के दर्शन करके जेफ बेजोस का मजा खराब कर दिया

रिचर्ड ब्रेन्सन की कहानी, जहां भी गए तहलका मचा दिया.

'सिंघम' IPS से तमिलनाडु BJP के सबसे युवा अध्यक्ष बने अन्नामलाई की कहानी

'सिंघम' IPS से तमिलनाडु BJP के सबसे युवा अध्यक्ष बने अन्नामलाई की कहानी

पहला चुनाव हार गए थे, बीजेपी ने राज्य की जिम्मेदारी सौंपी है.

'तड़प-तड़प के' जैसा प्रेमियों का ब्रेकअप एंथम देने वाले सिंगर के के आजकल कहां हैं?

'तड़प-तड़प के' जैसा प्रेमियों का ब्रेकअप एंथम देने वाले सिंगर के के आजकल कहां हैं?

उनके गाए 'पल' गाने के बगैर आज भी किसी कॉलेज का फेयरवेल पूरा नहीं होता.