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क्या गांधी ने अंबेडकर के पैर छुए थे?

2 अक्टूबर यानी महात्मा गांधी जी का बर्थडे. गांधी जयंती भी कहते हैं. देश को आजादी दिलाने वाले का बड्डे है. अख्खे इंडिया में मनाया जाता है. पीएम मोदी तो स्वच्छ भारत अभियान ही शुरू कर दिए. नेता लोग झाड़ू पकड़े खूब तस्वीरें खिचवाते नजर आते हैं. तस्वीरों की बात आई ही है तो एक तस्वीर का जिक्र करना जरूरी हो जाता है.

इस तस्वीर को गांधीवादी भी जमकर शेयर कर रहे हैं. और जो गांधीवादी नहीं हैं, वो भी शेयर कर रहे हैं. इस तस्वीर में महात्मा गांधी डॉक्टर भीमराव अंबेडकर के पैर छूते नजर आ रहे हैं. कहना न होगा कि इस तस्वीर के साथ देखते ही शेयर करो की अपील भी संलग्न है. पहले इस बात के कुछ नमूने देख लीजिए…

fake


 

Ramesh tweet


 

देख लिया न आपने? कैसे इन तस्वीरों में गांधी अंबेडकर के पैरों में पड़े हैं. पर अगर अब हम आपको कहें कि ये तस्वीर असली नहीं है तो आप क्या करेंगे? पहले तो सवाल उठाएंगे कि ऐसा कैसा हो सकता है? फोटो में तो साफ-साफ दिख रहा है कि गांधी पैर छू रहे हैं. तो आपके लिए 2016 के  ग़ालिब झलेला का एक ताजा शेर पेश है:

ये सोशल मीडिया नहीं आसां, बस इतना समझ लीजिए
फोटोशॉप का भड़कीला दरिया है, तैर के जाना है…

 

अब शायरी खत्म करते हैं. पर्दा उठाते हैं. दरअसल ये दोनों ही तस्वीरें अलग-अलग हैं. दोनों को किसी एक फोटोशॉप वाले बंदे ने जोड़ दिया है. बारी-बारी से जानिए, ये दोनों तस्वीरें कहां और कब की हैं.

1.

ये डॉक्टर अंबेडकर की फुल फैमिली फोटो है. तस्वीर में डॉ अंबेडकर अपनी वाइफ सविता के साथ बैठे हैं. बीच में बैठा है उनका पालतू कुत्ता. और पीछे खड़ा है उनका नौकर सुदामा. ये हुई पहली तस्वीर.

ये है असली तस्वीर
ये है असली तस्वीर

2.

अब बात दूसरी तस्वीर की. ये तस्वीर है साल 1930 की. बापू जी डांडी मार्च के लिए नमक उठा रहे हैं. पीछे गांधी समर्थक लोग खड़े हैं.Salt_March

अब देखिए फोटोशॉप करने वाले की कलाकारी. 

Photoshop image

फोटो बनाने वाले ने अंबेडकर की फैमिली और गांधी की नमक उठाते हुए वाली फोटो उठाई. फोटोशॉप खोला और दिखा डाली कलाकारी.  नतीजा आपके सामने है. अब अगर आपने ये तस्वीर फोटोशॉप के बाद वाली ही कहीं देखी थी, तो लीजिए इस स्टोरी का लिंक और जाकर दिखा डालिए दुनियावालों को कि मार्केट में झूठ फैला हुआ है.

गांधी की अंबेडकर के पैर छूती तस्वीर झूठी है.


क्रेडिट: smhoaxslayer

 

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